Skip to main content

कि बदलत इतिहास दरभंगा के?


दरभंगा महाराज के तिजोरी खुलि गेल अछि. ब्रिटिश जमाना के एहि तिजोरी के खोलय मे चारि घंटा के समय लागल. एकर एकटा चाभी हरा गेल छल. तेहि लेल तिजोरी के तोड़ि क खोलय पड़ल. तिजोरी मे पांडुलिपि के रुप मे खजाना निकलल. ई पांडुलिपि दरभंगा के इतिहास बदल सकैत अछि. जानकार लोक के कहनाय छनि जे जेना-जेना एहि मे के पांडुलिपि के अध्ययन कएल जाएत नव-नव चीज निकलि क आएत.
एहि पांडुलिपि मे दरभंगा महाराज के वंशावली… 18 वीं सदी मे अलाउद्दीन नामक कातिल के लिखल अकबरनामा… दरभंगा राज आओर अंग्रेजक बीच के दस्तावेज… कांग्रेस नेता सभ के बीच भेल पत्राचार के कागजात सेहो शामिल अछि. कहल जा रहल अछि जे 12 खंड मे मिलल अकबरनामा के 1733 मे लिखल गेल छल. पांडुलिपि मे 1200 ई सं महाराज के वंशावली अछि. उपाधि… प्रशस्ति पत्र के मूल कॉपी सेहो अछि. .
आब दरभंगा के लोक के कहनाय छनि जे एहि पांडुलिपि के दरभंगा सं बाहर नहि जएबाक चाही. एकर अध्ययन दरभंगे मे होबाक चाही. दरभंगा के लेल ई अमूल्य धरोहर अछि. एकरा दरभंगे मे संभालि कs रखबाक चाही. एहन व्यवस्था होबाक चाही जे… जे अध्ययन…शोध…रिसर्च आदि कएल जाए सभ दरभंगे मे होए. ई दरंभगा के इतिहास सं जुड़ल अछि आओर एकरा बाहर जनाय दरभंगा के लेल नीक नहि रहत.
त अहां सभ के कि कहनाय अछि कि तिजोरी सं निकलल पांडुलिपि के दोसर ठाम जएबाक चाही? कि दरभंगा मे एहन दुर्लभ पांडुलिपि सुरक्षित रहत ? अहांक कि विचार अछि? कि होबाक चाही ?



Share/Save/Bookmark
हमर ईमेल:-hellomithilaa@gmail.com


Comments

  1. tark sangat achhi aahnk vichar.ek aasha aur achhi ki akkar detail avashay mail p dalab
    dhanybad

    ReplyDelete
  2. लेख उत्तम अछी मुदा बात ई थिक कि अध्ययन कतए होमक चाही ? हम त एतबे कहं चाहित छी कि अध्ययन कतउ होए मुदा नीक जंक होई, आ एही सं जे फायदा दरभंगा आ आस पास के लोग सबहक होए ओकरा निश्चित रूपें मूल गंतव्य तक पहुन्चाबक प्रयास होमेंक चाही.

    ReplyDelete

Post a Comment

Popular posts from this blog

हमर विआह- 8

श्वेता के जन्मदिनक पार्टी सं डेरा त आबि गेलहुं, मुदा आब ध्यान श्वेता सं हटि क अल्का पर अटैकि गेल। मोन एकदम सं फ्लैशबैक मे चलि गेल—कॉलेजक दिन, जे जीवन के सबसे रंगीन, मस्ती आओर मासूमियत सं भरल समय छल। बारहवीं के बाद कॉलेजक पहिल दिन, कहिओ नहि बिसराबय वाला दिन। ओहि दिन पहिल बेर मिलल छलीह अल्का। क्लास मे विद्यार्थी सभ के इंट्रोडक्शन चलि रहल छल। परिचय सं पता चलल जे अल्का सेहो दरभंगा के छथीह। बिहार सं आओर छात्र सभ छल, मुदा अपन शहर के बाते किछु आओर होए छै। जखन बात अपन शहर के होए त लगाव कनि बेसि बढ़ि जाए छै। अल्का यानी मैथिल ब्यूटी, सभ सं अलग। एकदम सं मासूम। एकटा अलगे भोलापन लेने। मोन सं, दिल सं एकदम आईना जकां साफ। दुनियादारी के छल-कपट, होशियारी सं दूर। बोली अतेक मीठ जेना आवाज में मिश्री घुलल होए। मोन होएत छल जे एकटक दैखेत रही आ हुनका सुनिते रही। केतबो खिसिआएल छी, अल्का के आवाज सुनि लिअ सभ शांत भ जाएत। मैथिली त ओहिना मीठ होएत अछि, मुदा अल्का के आवाज मे एकटा अलगे जादू आ कहु सम्मोहन छल जे अहां अपना के बिसैरि हुनका मे खो जएतौं। मंदिर के घंटी जकां मन प्रसन्न करि देबय वाला। सादगी एहन जे देखिते मुंह...

फर्स्ट आउ छात्रवृत्ति पाउ

बिहार सरकार के तरफ सं एकटा छात्रवृत्ति योजना शुरू कएल गेल अछि. एहि मे एससी... एसटी, अल्पसंख्यक आओर अत्यंत पिछला वर्ग सं मैट्रिक मे फर्स्ट आबय वाला विद्यार्था के 10 हजार रुपया के छात्रवृत्ति देल जाएत. एकर शुरूआत मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जी पटना मे किछ छात्र के 10 हजार रुपया के चेक द कएलखिन्ह. अहांके कि लगैत अछि कि ई एकटा नीक कदम अछि? कि एहि सं बेसि सं बेसि विद्यार्थी पढ़ाई-लिखाई के तरफ ध्यान देताह ? कि ई राज्य मे साक्षरता लाबय के दिशा मे नीक पहल अछि? आ फेर एकरो हाल दोसर योजना के जकां रहत? सरकार एहि सं पहिनहुं चरवाहा विद्यालय... साइकिल योजना... मिडडे मील नहि जाने कि कि चलाबैत अछि...कि एकरो हाल ओकरे जकां होएत? अहां सभ अपन-अपन विचार जरूर राखु आओर इहो बताउ जे शिक्षा क्षेत्र मे बेहतरी के लेल सरकार के आओर कि- कि करबाक चाही?   Mithila News Fropper.com - Indian Dating, Friendship, Romance हमर ईमेल:-hellomithilaa@gmail.com Mithila, Maithili,Madhubani Paintings, Darbhanga, Samastipur, Muzaffarpur, Sitamarhi,nepal, janakpur,kamla balan, bagmati,Janki, Kosi, Purnea, Saharsa, Madhepur...

सौभाग्य मिथिला : मैथिलीक अपन चैनल

मैथिली के चौबीसों घंटा वाला अपन चैनल 18 जून सं शुरू भs रहल अछि. चैनल के नाम अछि सौभाग्य मिथिला . मिथिला... मैथिलीक लेल ई नीक खबर अछि. करीब पांच करोड़ मैथिल के लेल ई मैथिलीक पहिल मनोरंजन चैनल होएत. लाइन मे किछ आओर चैनल अछि मुदा किछ एहन पेंच... कारण अछि जेहि सं ओ ऑन एयर नहि भS रहल अछि. सौभाग्य मिथिलाक तैयारी अखन जोर-शोर सं चलि रहल अछि. चैनल के काज देख रहल छथिन्ह प्रफुल्ल कुमार मिश्रजी. प्रफुल्लजी करीब 14 साल सं टीवी सं जुड़ल छथिन्ह. आओर सौभाग्य मिथिला के धरातल पर लाबय लेल दिन-राति एक कएने छथिन्ह. प्रफुल्ल जीक संग चैनल सं कइटा आओर अनुभवी लोक सभ जुड़ल छथिन्ह जे मिथिला... मैथिल सभ्यता... संस्कृति आओर साहित्य के लोक के बीच पहुंचाबय लेल प्रयासरत छथिन्ह. प्रिंट पत्रकारिता आओर रंगमंच सं जुड़ल कुमार शैलेन्द्र जी चैनल के प्रोग्रामिंग देख रहल छथिन्ह. उम्मीद करबाक चाही जे ओ नीक-नीक कार्यक्रम लsक अएताह. कईबेर हुनकर नाटक देखय के मौका मिलल अछि. नीक काज करय छथिन्ह. सौभाग्य मिथिला पर भोर मे 6 बजे सं लs क राति साढ़े दस बजे धरि अहां के नबका-नबका कार्यक्रम देखायल जाएत. राति मे अहां दिनका किछ नीक कार्यक्रम...