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Showing posts from June, 2009

सभ सं लोकप्रिय मैथिली गीत ?

मैथिलीक सैकड़ों एहन गीत अछि जकरा सुनितहिं मन खुश भs जाएत अछि.  मैथिली गीत सुनय मे जे अलौकिक आनन्द मिलैत अछि ओ कोनो आओर गीत मे नहि मिलि सकैत अछि चाहे ओ सुपरहिट मुम्बइया फिल्म के गीत किएक नहि होय. अहां सभ मैथिली गीत सुनैत होएब. कि अहां बता सकैत छी जे मैथिलीक सभ सं लोक प्रिय गीत कोन अछि ?  ओहि गीत के अहां किएक सभ सं कर्णप्रिय मानैत छी ?  अहां सभ के लेल ई सवाल कठिन नहि अछि.  मुदा हमरा सन ओ सभ लोक जे गाम-घर मे नहि रहैत छथिन्ह... हुनका लेल ई सवाल बड़ महत्व राखैत अछि.  अहां के एहि सवाल के जवाब सं कतेक लोक के कई तरहक गीत के बारे मे जानय लेल मिलतन्हि.  अहांक पसंद के बाद लोक सभ सेहो ओहि गीत के सुनय के कोशिश करताह.  त देर नहि करू.  झट द मैथिलीक सभ सं लोकप्रिय गीत के नाम कमेंट वाला लिंक के क्लिक क लिख भेजु.  कमेंट वाला मे कोनो परेशानी होए त ओहि मे बॉक्स के ऊपर मे एकटा आओर लिंक अछि Comment ओकरा क्लिक  कs अपन जवाब लिखु.  अगर ओना नहि करय चाहय छी त अहां अपन पसंदक गीत के नाम लिखि हमरा   hellomithilaa@gmail.com     पर मेल क s दिअ. धन...

शिफ्ट नहि होएत रेल परियोजना

बिहार के लेल एकटा नीक खबर अछि. रेल बजट के जे संकेत मिलि रहल अछि ओकरा मुताबिक बिहार सं जे रेल परियोजना के बाहर ल जाए के गप भs रहल छल... आब ओ नहि होएत. बीच मे खबर आएल रहय जे मढौरा, छपरा आओर मधेपुरा के रेल कारखाना के बंगाल शिफ्ट करय के विचार चलि रहल अछि. मुदा एहि बात के पता चलतहि बिहार मे भारी विरोध शुरू होए लागल. पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव एहि मुद्दा पर रेल मंत्री ममता बनर्जी सं सेहो बात कएलखिन्ह. बीजेपी के ओर से सेहो कहल गेल जे अगर कोनो रेल परियोजना के राज्य सं बाहर ल जाए के कोशिश कएल गेल त बिहार सं एकोटा ट्रेन के गुजरय नहि देल जाएत. रेल परियोजना पर बिहार के लोक के विरोध के देखैत रेल मंत्रालय के आ जे कहुं रेल मंत्री ममता बनर्जी के परियोजना पर अपन कदम पाछां करय पड़लन्हि. ई सभ बिहार के लोक के ...जनता के जागरूकता के कारण भेल अछि. केन्द्र के तरफ सं अखन धरि बिहार के काफी उपेक्षा कएल गेल अछि. मुदा आब लोक धीरे-धीरे केंद्र के भेदभाव वाला राजनीति के समझि रहल अछि. बिहार के रेल परियोजना के शिफ्ट करय के मामला एकदम सं राजनीतिक कहल जा सकैत अछि. आओर कहल जा रहल अछि जे एहि के पाछा रेलवे के लोके स...

आब ऑनलाइन पिंडदान

आब देश सं बाहर रहय वाला लोक सभ सेहो पिंडदान करा सकताह. बिहार राज्य पर्यटन विभाग के ओर सं पितृपक्ष मेला के दौरान एहि बेर सं ऑनलाइन पिंडदान कराबय के व्यवस्था कएल जा रहल अछि. एहि सुविधा के लेल विदेश मे बसल लोक के किछ खर्च सेहो करय पड़तन्हि. खर्च के भुगतान क्रेडिट कार्ड सं कएल जा सकैत अछि. जिनका पिंडदान कराबय के छनि ओ क्रेडिट कार्ड सं शुल्क के भुगतान कs वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग सं घर बैसल पिंडदान आ पूजा कs सकताह. अहां कहि सकय छी जे आजुक आधुनिक युग मे पूजा-पाठ सेहो आधुनिक रूप ल लेलक अछि. सभ किछ हाईटेक बनल जा रहल अछि. काम-काज... नौकरी आ दोसर कोनो परेशानी के कारण पिंडदान करय नहि आबि सकय छी ... चिंता के कोनो बात नहि. घर बैसल पिंडदान करू. बस किछ बटुआ ढीला करय पड़त. बस बटुआ भरल रहत त सभ काज होएत रहत. बिहार के विश्वप्रसिद्ध गया पितृपक्ष मेला के अवसर पर प्रवासी भारतीय अपन पूर्वज के श्राद्ध ऑनलाइन क सकताह. एहि सं जतय हुनका आध्यात्मिक सुख मिलतन्हि ओतहि सरकार के आमदनी सेहो होएत. एहि बेर के पितृपक्ष मेला तीन सं अठारह सितम्बर तक चलत. सरकार के उम्मीद अछि जे एहि बेर करीब आठ लाख लोक मेला मे पहुंचताह. एकरा ...

कि मिथिलांचल राज्य के सपना होएत साकार ?

अगर सभ किछ ठीक-ठाक रहल त मिथिला राज्यक मांग जल्दीए साकार रूप ल सकैत अछि. केंद्र सरकार के पास दसटा नबका राज्य बनाबय के आवेदन पहुंचल अछि. ओहि मे उत्तर बिहार के मैथिली भाषी इलाका के मिला क मिथिलांचल राज्य बनाबय के आवेदन सेहो शामिल अछि. केंद्र सरकार सभटा आवेदन के विचार के लेल अपना पास राखि लेलक अछि. आब ओहि दसों आवेदन पर गृहमंत्रालय विचार करत. गृह मंत्रालय राज्य के गठन के लेल जरूरी सभ पहलू पर चर्चा करि... समीक्षा करि सरकार के अपन रिपोर्ट देत. ओहि रिपोर्ट के अध्ययन के बाद केंद्र सरकार कोनो फैसला करत. ओना अखन धरि कोनो राज्य के तरफ सं एहि संबंध मे सिफारिश नहि आएल अछि जे कि राज्य के गठन के लेल जरूरी होएत अछि. ई सभ आवेदन संगठन के ओर सं आ फेर व्यक्तिगत रूप सं सरकार के पास आएल अछि. कइटा आवेदन त सरकार के पास पांच-पांच... सात-सात साल सं पड़ल अछि. अखन जे नबका राज्य बनाबय के लेल दसटा आवेदन मिलल अछि ओहि मे मिथिलांचल के अलावा बिहार-उत्तर प्रदेश सं भोजपुर... उत्तर प्रदेश सं बुंदेलखंड... आंध्र प्रदेश सं तेलंगाना... पश्चिम बंगाल सं गोरखालैंड... महाराष्ट्र सं विदर्भ ... गुजरात सं सौराष्ट्र... कर्नाटक सं कुर...

किछ जॉब...

एहिठाम हम अहांक लेल किछ जॉब के बारे मे जानकारी द रहल छी उम्मीद अछि अहां सभ के  काज आएत. अहांक कोनो मित्र अगर एहि फील्ड सं छथि आओर नौकरीक तलाश मे छथि त अहां हुनका सेहो बता सकैत छी. ई सभ जॉब के  पता एम्हर -ओम्हर सं चलल अछि. अहां आओर जानकारी नीचा देल गेल पता सं जुटा सकय छी. धन्यवाद. Copy Editors : Outlook Money Experience: 2-3 years Contact : Nidhi Sinha, assistant editor, Outlook Money Mail Your Resume to : outlookmoneyjobs@gmail.com Gyanwave.com: Internship For : online content developer, education journalist Fresher / Experienced both can apply Contact : Mr. Moinuddin Ahmed Phone: ; 9911113358, 9811667756 Send Your Resume To : editorial@gyanwave.com Web Designer : Experience Commerce. Qualifications: Graduate, Diploma in Designing .  Tools : Photoshop, Illustrator, Dreamweaver, Flash, HTML Experience: 2 - 5 years. Send your resume to: jayshree@experiencecommerce.com To more: www.experiencecommerce.com Content Writer : Infinity Advertising Services Pvt. Ltd. Qualif...

विदेह भेल सदेह

इंटरनेट पर मैथिलीक पहिल पत्रिका विदेह आब सदेह भs गेल अछि... विदेह सदेह बनि आब सभ के सामने आबि गेल अछि. एकर पूरा श्रेय श्री गजेन्द्र ठाकुर जीके जाए छनि. ई हुनकर मातृभाषा मैथिलीक प्रति अनुराग के सेहो देखबैत अछि. गजेन्द्र जी मैथिली मे कइटा पोथी त लिखनहिं छथिन्ह... मैथिली-अंग्रेजी आ अंग्रेजी-मैथिली शब्दकोश सेहो तैयार कएने छथिन्ह. सदिखन मैथिलीक विकास मे जुटल रहय छथिन्ह. देश- विदेशक मैथिल के एकठाम लाबय मे विदेह के बड़का योगदान रहल अछि. ई मैथिल सभ के एकटा बड़का मंच प्रदान करैत अछि. विदेह दुनिया के करीब सत्तरटा देश मे पढ़ल जाएत अछि. मैथिली पत्रकारिता मे अखन धरि विदेह जे काज करलक ओ अतुलनीय अछि. इंटरनेट के माध्यम सं पत्रिका निकालनाय... एकरा त अहां एक तरहे एकटा साहसिक कदम कहि सकैत छी. जतय प्रिंट के पढ़य लेल एकोsटा पत्र-पत्रिका नहि मिलैत होए. ओतए ई साहसिके कदम अछि. प्रिंट वाला पत्र-पत्रिका त नामे लेल अछि. साल मे एक-दुटा अंक निकालि खानापूर्ति टा होएत अछि. कोनो सभा संगत के दौरान मिलल त मिलल नहि त पतो नहि चलत जे मैथिली मे ई पत्रिका निकलैत अछि. नाम त दसटा के सुनय लेल मिलत. बस अपने मे निकालय छथि आ...

कि इहे सभागाछी अछि ?

मधुबनी के पास सौराठ मे आई काल्हि सौराठ सभा चलि रहल अछि. लोक सभ एहि सभा के सभागाछी के नाम सं जानैत छथिन्ह. पहिने अगर अहां भूलल-भटकलों मधुबनी आ रहिका चलि जएतहुं त पता चलि जाएत जे लगनक टाइम आबि गेल अछि... आओर सभागाछी मे सभावास चलि रहल अछि. बस स्टैंड... रेलवे स्टेशन... रिक्शा... टेम्पो पर... चारुकात कतहुं देखु... लाल-लाल धोती... चमकैत रेशमी आ मलमल के कुर्ता... ललका पाग... मुंह मे पान... हाथ मे बेंत संग कथा-वार्ताक गप मे लीन लोक मिलि जाएत छलाह. गपक विषय बस एकेटा... फलां बाबू के एतेक मे तय भेलन्हि त फलां बाबू के ओतेक मे. फलां बाबू किछ ओर धीरज रखतथिन्ह त आओर कम मे कथा तय भ जएतन्हि. ओ त धरफरा गेलाह. फलां बाबू ठका गेलाह. हुनका अपन बात पर अड़ल रहबाक चाही छलन्हि. नहि जाने कि कि... पहिने जे बात के पता पांच-सात किलोमीटर दूरहिं सं चलि जाएत छल. आई अहां सौराठ गाम सं घुमिओ कs चलि आएब त पता नहि चलत जे आई-काल्हि सभावास चलि रहल अछि. पहिने गाजा-बाजा के संग उद्घाटन होएत छल. बिरादरी के पैघ-पैघ लोक जुटए छलखिन्ह. नेता... मंत्री सभ आबैत छलाह. आब खोजलों सं नहि मिलताह. पहिने जे कथा बिना सभागाछी के शास्त्रा...

दरभंगा मे मिथिला थीम पार्क

दरभंगा मे एकटा पार्क बनय जा रहल अछि जेहि मे अहांके मिथिलाक सभ्यता... संस्कृति... लोक- परम्परा... गीतनाद... लोककथा आओर मिथिलाक विभूति सभ किछ के एकहिं ठाम दर्शन भs जाएत.  लोक सभ के ई साहित्य आओर शिल्प के माध्यम सं जानए लेल मिलतन्हि. मिथिलाक थीम पर ई पार्क दरभंगा जक्शन के पास म्यूजियम मे बनय वाला अछि.  एकर तैयारी पटना के प्रेमचंद रंगशाला आओर कॉलेज ऑफ आर्ट एंड कॉलेज मे चलि रहल अछि.  सरकार के तरफ सं एहि लेल 30 लाख रुपया देल गेल अछि.  एहि थीम पार्क मे आबि लोक अपन मिथिलाक बारे मे एहन-एहन जानकारी पाबि सकैत छथि जकरा बारे मे ओ सोचिओ नहिं सकैत छथिन्ह.  लोक एहि ठाम आबि इतिहास सं रूबरु भ सकैत छथि.  विदेश राजा जनक... माता जानकी सं लsक महाकवि विद्यापति सभ गोटे के बारे मे छोट सं लsक पैघ सभ तरहक जानकारी पाबि सकैत छथि. मंडन मिश्र आओर भारती जीक शंकराचार्य के संग शास्त्रार्थ वाला प्रसंग होए आ कोनो दोसर... सभ चीज के समाहित करय के कोशिश भs रहल अछि. मैथिली लोकगीत होए आ फेर मधुबनी पेंटिंग सभक जानकारी अहांके एहिठाम मिलि सकैत अछि.  किछ रहि जाएत त लोकक अनुरोध के बाद ओकरा बा...

रेल कारखाना के मामला गरमाएल

मढ़ौरा के डीजल इंजिन रेल कारखाना आओर मधेपुरा के इलेक्ट्रिक इंजिन रेल कारखाना के बिहार सं बाहर ल जाए के मामला गरमा रहल अछि. ई एहन मुद्दा अछि जेहि पर बिहारक लोक सभ के बीच एकटा बहस शुरू भs गेल अछि. पार्टी के नेता सभ के बीच सेहो हलचल शुरू भs गेल अछि. एहि मुद्दा पर नेता सभ लोक सभ के अपना दिस करय मे जुटि गेलाह . बिहार के लेल ई एकटा बड़का संवेदनशील मु्द्दा अछि. ई जानि पूर्व रेल मंत्री आओर आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव बुध दिन रेल मंत्री ममता बनर्जी सं मुलाकात कएलखिन्ह. अपन चिंता सं अवगत करएलखिन्ह. ममता बनर्जी एहि तरहक कोनो कोशिश... गप सं इनकार कएलखिन्ह. बीजेपी सेहो एहि मु्द्दा के जोर-शोर सं उठाबय मे लागि गेल अछि. बीजेपी के त कहनाय अछि जे अगर मढौरा... छपरा आओर मधेपुरा रेल कारखाना के कतहुं आओर लs जाए के कोशिश कएल त बिहार सं दोसर राज्य के एकोटा ट्रेन के गुजरय नहि देल जाएत. बिहार के रेल परियोजना के राज्य सं बाहर ल जाए के कोशिश के राज्य मे विरोध. एहि मुद्दा पर सभ पार्टी एकजुट. राज्य मे कई साल सं लम्बित पड़ल दोसर रेल परियोजना के जल्दी पूरा कराबय लेल सेहो पार्टी मोर्चा खोलि देलक अछि. पार्टी एहि क...

किछ जॉब...

आई-काल्हि पत्रकारिता कॉलेज के पढ़ाई कs छात्र सभ इंटर्नशिप के लेल एम्हर-ओम्हर दौड़ि रहल छथिन्ह.  किछ कोर्स पूरा भेला के बाद नौकरी के लेल सेहो सभ ठाम रेज्यूम डालि रहल छथिन्ह. मुदा मंदी के कारण अखन सभ सं खराब हाल मीडिया इंडस्ट्री के अछि.  एहन मे जखन किछ ठाम लोक के जरूरत अछि आओर हमरा पता चलल त हम समझलहुं जे एकरा सभ सं पहिने अहां सभ के बता देल जाए.  अगर अहां सभ के लाएक एहि मे सं कोनो जॉब अछि त सम्पर्क करय मे देर नहि करु.   बेस्ट ऑफ लक... Media Jobs Scriptwriter Brief job profile: Scriptwriter who can convert two of stories (a RomCom and one of 26/11) into the format as required by the Mumbai film industry…using Final Draft. Contact: Rajiv Soni (chartered accountant), Founder, CEO mailto:rajsoni5@hotmail.com Cell: 98-993-28283. Copy Editor Rupa & Co. is one of the leading publishing houses in India. looking for young, dynamic and enterprising candidates who have excellent English writing and speaking skills. The candidate should have a sharp eye for detail...

पर्यटन स्थल बनत दरभंगा

मिथिलाक ह्रदयस्थल दरभंगा जल्दीए देश के पर्यटन मानचित्र सं जुड़ि जाएत. दरभंगा के विकसित करय के काज सेहो भs रहल अछि. पर्यटन के लेल जेहि स्थान के विकसित कएल जाएत ओहि मे अहिल्यास्थान... कुशेश्वरस्थान... संकटमोचन मंदिर... हराही पोखर शामिल अछि. पर्यटन मानचित्र सं एहि स्थान सं जोड़य लेल सरकार के दरभंगा राज कैम्पस... काली मंदिर... किला... दरभंगा किला म्यूजियम पर सेहो ध्यान देबय पड़तन्हि. म्यूजियम मे मिथिला कला केंद्र बनाबय के कोशिश सेहो चलि रहल अछि. मुदा एहि के लेल सरकार के सभ सं बेसि ध्यान बुनियादी सुविधा पर ध्यान देबय के जरूरत अछि. दरभंगा मे अखन रोड के जे हाल अछि ओहि मे त बाहर के लोक एक बेर अएला के बाद फेर आबय सं कान पकड़ि लेताह. सड़क सम्पर्क नीक जकां बनाएल जाए. बिजली सेहो एकटा बड़का परेशानी अछि. दरभंगा मे मिथिला सं जुड़ल सामान सभ के विशेष दोकान सेहो खोलल जएबाक चाही. जेहि मे मधुबनी पेंटिंग... मखान... सिकी कला सं जुड़ल सामान सभ रहय. अपना ओहि ठाम सिकी सं पेटार... पौती... डलिया नीक–नीक डिजायन के बनाएल जाएत अछि. मेला- ठेला मे अहां लकड़ी के खिलौना देखैत होएब ओ खासकर मिथिले मे मिलत. ओ सभ सेहो रा...