महिला सभ के आत्मनिर्भर बनाबय लेल एकटा सार्थक कदम उठाएल गेल अछि. मिथिला में जतय उद्योग- घंधा आ नौकरी के विशेष अवसर उपलब्ध नहिं अछि. मिथिला पेंटिंग रोजगार के लेल एकटा नीक विकल्प भs सकैत अछि. दुनिया अखन मिथिला... मधुबनी पेंटिंग के दीवाना बनल अछि. एहि मौका के बेसि सं बेसि फायदा उठाबय के जरूरत अछि. रेल मंत्री लालू यादव सेहो संसद में घोषणा कए देने छथिन्ह जे देश के प्रमुख स्टेशन आओर रेल डिब्बा में मधुबनी पेंटिंग के लगाबल जाएत. एकरा लेल पैघ स्तर पर पेंटिंग्स के जरूरत पड़त. त भs जाउ तैयार मौका के फायदा उठाबय लेल. एहि दिशा में अगर कहल जाए तs नीक कोशिश शुरू भेल अछि मधुबनी, पंडौल सं. पंडौल के पास गाम- घर के महिला सभ के लेल मधुबनी पेंटिंग्स के माध्यम सं पाइ कमाबय के प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू कएल गेल. शुरू में एहि प्रशिक्षण कार्यक्रम सं 30 महिला के जोड़ल गेल अछि. महिला के आत्मनिर्भर बनाबय लेल ई एकटा पैघ कदम अछि. ई कार्यक्रम सर्वोप्रयास संस्थानक तरफ सं शुरू कएल गेल अछि . प्रशिक्षण दु माह तक चलत. जकर बाद 10 टा महिला के चयन कएल जाएत आओर हुनका सभ के मार्केटिंग आओर विशेष प्रशिक्षण देल जाएत.
श्वेता के जन्मदिनक पार्टी सं डेरा त आबि गेलहुं, मुदा आब ध्यान श्वेता सं हटि क अल्का पर अटैकि गेल। मोन एकदम सं फ्लैशबैक मे चलि गेल—कॉलेजक दिन, जे जीवन के सबसे रंगीन, मस्ती आओर मासूमियत सं भरल समय छल। बारहवीं के बाद कॉलेजक पहिल दिन, कहिओ नहि बिसराबय वाला दिन। ओहि दिन पहिल बेर मिलल छलीह अल्का। क्लास मे विद्यार्थी सभ के इंट्रोडक्शन चलि रहल छल। परिचय सं पता चलल जे अल्का सेहो दरभंगा के छथीह। बिहार सं आओर छात्र सभ छल, मुदा अपन शहर के बाते किछु आओर होए छै। जखन बात अपन शहर के होए त लगाव कनि बेसि बढ़ि जाए छै। अल्का यानी मैथिल ब्यूटी, सभ सं अलग। एकदम सं मासूम। एकटा अलगे भोलापन लेने। मोन सं, दिल सं एकदम आईना जकां साफ। दुनियादारी के छल-कपट, होशियारी सं दूर। बोली अतेक मीठ जेना आवाज में मिश्री घुलल होए। मोन होएत छल जे एकटक दैखेत रही आ हुनका सुनिते रही। केतबो खिसिआएल छी, अल्का के आवाज सुनि लिअ सभ शांत भ जाएत। मैथिली त ओहिना मीठ होएत अछि, मुदा अल्का के आवाज मे एकटा अलगे जादू आ कहु सम्मोहन छल जे अहां अपना के बिसैरि हुनका मे खो जएतौं। मंदिर के घंटी जकां मन प्रसन्न करि देबय वाला। सादगी एहन जे देखिते मुंह...
shri man
ReplyDeleteapne lokn ka jea netha chaat she shirf anphar gabar loag k nokri detchat agar anphar loag mastar bangelat
ta bcha kata sa sekchat hat or apnaa mithala mea bahut loag prhal
likhal ache lekin hunka koe dekhe
bala nechan eduware kee hunkha koa netha jante ne chan bas bahout likhanu thanks